किआ सोनेट और सबकॉम्पैक्ट SUV सेगमेंट में इसका मुकाबला, पढ़ें विस्त्रत रिव्यू

सबकॉम्पैक्ट SUV सेगमेंट छाया हुआ है. हमेशा लोकप्रिय, अब इसमें पहले से ज्यादा खिलाड़ी हैं. यहां पहले से ही 7 कारें हैं और अगले 6 महीनों में कम से कम 2 और आने वाली हैं. पार्टी में शामिल होने वाली सबसे नई कार है - किआ सोनेट. और इसने मामला काफी गर्म कर दिया है! तो यहां किआ सोनेट और इसके मुकाबले में खड़ी सभी कारों की तुलना करना बहुत ज़रूरी हो गया है. मुकाबले की सभी कारें किआ सोनेट पर हावी होने वाली हैं, क्योंकि ये सभी पहले से सफल हैं और अपने मुकाबले की बाकी कारों को पछाड़ कर आगे बढ़ी हैं. अबतक सेगमेंट की सबसे ज़्यादा बिकने वाली कार मारुति सुज़ुकी विटरा ब्रेज़ा, बाज़ार की मौजूदा लीडर ह्यून्दे वेन्यू, भारत की सबसे सुरक्षित कार महिंद्रा XUV300 और इस सेगमेंट की शुरुआत करने वाली फोर्ड इकोस्पोर्ट हैं.
मैं टाटा नेक्सॉन और टोयोटा की अर्बन क्रूज़र को भी इस मुकाबले में शामिल करना चाहता थातो मैं टाटा नेक्सॉन और टोयोटा की अर्बन क्रूज़र को भी इस मुकाबले में शामिल करना चाहता था. हमारे पास सारे मुख्य दावेदार हैं. टाटा ने हमें नेक्सॉन नहीं दी, हालांकि हमने उसे पाने की कोशिश की, और ना ही टोयोटा के पास हमारे लिए नई अर्बन क्रूज़र समय पर तैयार थी. लेकिन मैं यहां इसकी शिकायत नहीं कर रहा, क्योंकि किआ सोनेट के मुकाबले में जो कारें हमारे पास उपलब्ध हैं उनसे किआ सोनेट का असली मुकाबला है. फरवरी 2019 की बात है जब महिंद्रा XUV300 आई और उसी साल मई में हु्यन्दे वेन्यू लॉन्च हुई. लेकिन फोर्ड इकोस्पोर्ट सबसे पुरानी होने के बावजूद एहम है और मुकाबले में बनी हुई है. मारुति सुजुकी विटारा ब्रेज़ा ने डीज़ल को बंद कर दिया और अब सिर्फ के-सीरीज पेट्रोल इंजन है - लेकिन पहले से उलट अब एएमटी नहीं बल्कि ऑटो गियरबॉक्स है. टाटा नेक्सॉन को भी बदला गया है, यह भारत की पहली 5-स्टार कार थी जब तक XUV300 ने अपने क्रैश टेस्ट स्कोर से इसको पीछे नहीं छोड़ दिया, और फिर कोरियाई जोड़ी हैं, जिसमें बिल्कुल नई और बहुत चर्चित किआ सोनेट शामिल है. तकनीक और इंजन की बात करें तो टोयोटा अर्बन क्रूज़र असल में विटारा ब्रेज़ा पर आधारित है और ब्रेज़ा की तर्ज पर इस कार के साथ ऑटोमैटिक के अलावा माइल्ड हाईब्रिड सिस्टम के साथ आई है.
हमारे पास सारे मुख्य दावेदार हैंस्टाइलिंग और डिज़ाइन
दिखने में सभी कारें काफी आकर्षक हैं. इकोस्पोर्ट कई महीने पहले मिले एस वेरिएंट और फेसलिफ्ट के साथ ज़्यादा पैनी हो गई है. यह टेलगेट पर लगे पहिये के साथ सेगमेंट की अकाली कार है, और इसमें बूट का दरवाज़ा साइड में खुलता है - जो बहुत अच्छा नहीं है. विटारा ब्रेज़्ज़ा अपने बदले हुए चेहरे के साथ अब बड़ी दिखती है, और अभी भी इसके इन सब कारों में सबसे सटीक SUV आयाम हैं. महिंद्रा XUV 300 सामने से कुछ ज़्यादा बनी हुई और पीछे से अधूरी सी दिखती है. लेकिन सामने और पीछे लाइट्स पर काम अच्छा है.
सोनेट आकर्षक लुक्स, शानदार स्टांस और दमदार आकार वाली हैवेन्यू पर हयून्दे की नई आधुनिक डिजाइन भाषा है और यहां इसको काली ग्रिल के साथ एक स्पोर्ट वेरिएंट भी मिलता है. सोनेट को आकर्षक लुक्स, शानदार स्टांस और दमदार आकार वाली है. यह निश्चित रूप से सबसे आधुनिक दिखती है, और इसकी दो ट्रिम लाइन्स हैं. हमारे साथ आज जीटी लाइन है.
परफॉर्मेंस
मैं हर हाल में इस तुलनात्मक रिव्यू की शुरुआत पुरानी चैंपियन फोर्ड इकोस्पोर्ट से करूंगाज़्यादातर कारों को पेट्रोल और डीजल दोनों इंजन दिए गए हैं जिसमें हम टाटा नेक्सॉन को भी शामिल करेंगे. लेकिन, मारुति, टोयोट -आगामी रेनॉ और निसान के मॉडल- ने अब भारत में सिर्फ पेट्रोल इंजन के साथ कारें पेश करना शुरू कर दिया है. मैं हर हाल में इस तुलनात्मक रिव्यू की शुरुआत पुरानी चैंपियन फोर्ड इकोस्पोर्ट से करूंगा. इसके साथ भी अब कई इंजन विकल्प नहीं दिए जाते और ये कार अब सिर्फ 1.5-लीटर के 3 सिलेंडर पेट्रोल और 4-सिलेंडर डीजल इंजन के साथ आती है. इसे चलाना अब भी काफी रोचक है. मज़ेदार बात ये है कि इकोस्पोर्ट के साथ ही दमदार टर्बोचार्ज्ड इंजन की भी शुरुआत हुई है जिसे कंपनी ने ईकोबूस्ट का नाम दिया था. SUV की राइड क्वालिटी और हैंडलिंग भी काफी अच्छी है.
इसमें अब 1.5 लीटर K15 B मोटर मिलता हैअब बारी दमदार विटारा ब्रेज़्ज़ा की. इसमें अब 1.5 लीटर K15 B मोटर मिलता है. मैनुअल 5-स्पीड है जबकि ऑटो एक 4-स्पीड है. पिछली विटारा ब्रेज़ा के साथ मिला डीजल इंजन काफी दमदार था, लेकिन यहां पेट्रोल भी अच्छा प्रदर्शन कर रहा है क्योंकि ये इंजन बहुत सफाई से बनाया गया है. लेकिन ये सभी इसके साथ मिले 4-स्पीड ऑटोमैटिक की वजह से खराब हो जाते हैं. इस दौर और आज के ज़माने के हिसाब से ये 4-स्पीड गियरबॉक्स बहुत पिछड़ गया है जिससे चालक को ना के बराबर प्रितिक्रिया मिलती है. इसके परे ऑटोमैटिक पर 18.76 kmpl के माइलेज का दावा किया गया है. मैनुअल पर यह आंकड़ा 17.03 है. मारुति का कहना है कि इसकी वजह है माइल्ड हाइब्रिड जो सिर्फ ऑटोमैटिक पर आता है. टोयोटा अर्बन क्रूजर में यही mechanicals हैं.
इसकी हैंडलिंग बहुत अच्छी है और राइड क्वालिटी के मामले में भी कार बुरी नहीं हैXUV 300 को भारत की सबसे सुरक्षित कार होने का गौरव हैसिल है. यह बहुत खास है. यह इस मुकाबले की पिछली विजेता रही है, याद रखें. हमारी पिछली तुलना में महिंद्रा XUV300 टॉप पर अपने स्पोर्टी प्रदर्शन की वजह से थी. इसकी हैंडलिंग बहुत अच्छी है और राइड क्वालिटी के मामले में भी कार बुरी नहीं है. केबिन में काफी सारी जगह मिलती है और ड्राइवर को ये कार चलाने में इसीलिए काफी मज़ा आता है क्योंकि इसके पेट्रोल और डीजल दोनों इंजन काफी दमदार हैं. आपको XUV300 चलाते समय लगेगा कि आप कोई बड़ी कार चला रहे हैं, क्योंकि वाकई आप एक बड़ी कार चला रहे हैं जिसे सैंगयंग टिवोली के आधार पर बनाया गया है. इसकी सभी अच्छाइयों के बाद नकारात्मक इसका एएमटी वेरिएंट है जो सिर्फ डीजल के साथ बुरा है. जब महिंद्रा ने इसे बाज़ार में पेश किया था, तब ये कदम काफी सकारात्मक लगा था, लेकिन अब बाज़ार में उन्नत किस्म के खूब सारे विकल्प मौजूद हो चुके हैं.
ह्यून्दे वेन्यू ऐसी कार है जो कार जैसी लगती है, ना कि SUV जैसीऑटो आपको हयून्दे वेन्यू में मिलता है. लेकिन केवल 1.0 टर्बो पेट्रोल पर, जिसे ड्यूल क्लच बॉक्स मिला है. 1.2 पेट्रोल और 1.5 डीजल में कोई ऑटो नहीं है. हम आज जितनी भी कारें चलाकर देख रहे हैं उनमें ह्यून्दे वेन्यू ऐसी कार है जो कार जैसी लगती है, ना कि SUV जैसी और यही इसका सबसे बड़ा नकारात्मक पहलू है. लेकिन कुल मिलाकर वेन्यू की राइड और हैंडलिंग दुरुस्त है और चलाने में भी ये कार स्पोर्टी अहसास देती है. ये एक मज़ेदार कार है और इसके साथ 1.0-लीटर टर्बो जीडीआई इंजन को 7-स्पीड डीसीटी का तालमेल बहुत अच्छा है. इन दोनों के साथ ह्यून्दे वेन्यू को चलाना आपके लिए सबसे मज़ेदार अनुभव होगा. ज़्यादा रफ्तार में आने के बाद डीसीटी के साथ पैडल शिफ्ट भी आपको प्रभावित करेंगे.
कुल मिलाकर सोनेट को चलाना काफी मज़ेदार अनुभव हैहाँ, लगता है कि वेन्यू में सब कुछ है; वो जब तक कि सोनेट सामने नही आती. इस कार में सबसे ज़्यादा ड्राइवट्रेन विकल्प हैं. कागज़ पर यह कार एक विजेता के रूप में सामने आती है, इसके साथ वो सबकुछ मिलता है जो आप सोच सकते हैं, ये आधुनिक है, आज के ज़माने की है और इस सेगमेंट में सबसे ज़्यादा इंजन और गियरबॉक्स विकल्पों के साथ आती है. ये गियरबॉक्स भी मॉडर्न हैं, नई तकनीक के विकल्प हैं जो इसे और भी बेहतर बनाते हैं. कुल मिलाकर सोनेट को चलाना काफी मज़ेदार अनुभव है, लेकिन ये अपने कवच के मामले में थोड़ी कमज़ोर पड़ती है. जहां आपको SUV वाला अहसास कराने के लिए इसकी सीट का कद बढ़ाया गया है, वहीं इसकी राइड कवालिटी पर इसका नकारात्मक असर पड़ा है. ये असर कार की हैंडलिंग पर भी हुआ है. सोनेट निश्चित तौर पर XUV300 जितनी स्पोर्टी नहीं है. तो सोनेट की एक कमजोरी है, लेकिन ऐसी कि जिससे खरीदार बहुत ज्यादा परेशान नहीं होंगे. ग्राहक के इस्तेमाल के हिसाब से कार बहुत अच्छी है. यह आपको टॉर्क कन्वर्टर गियरबॉक्स के साथ डीजल ऑटोमैटिक भी देती है जो भरोसेमंद है और ड्राइव करने के लिए मज़ेदार भी.
केबिन स्पेस और फीचर्स
वाकई ये कार बड़ी SUV जैसा अनुभव कराती हैसभी कारें समान आकार की हैं, और कैबिन में तकरीबन एक जैसी जगह ही देती हैं लेकिन एक है जो बाकियों से बेहतर है. इन सभी कारों में सबसे आरामदायक दूसरी पंक्ति जिस कार में है वो महिंद्रा XUV300 है. ये आपमें से कई लोगों को चौंका देगा, लेकिन वाकई ये कार बड़ी SUV जैसा अनुभव कराती है. इसमें आपकी जांघ को अच्छा सहारा मिलता है, पैर और घुटनों के लिए भी अच्छी जगह मिलती है, इसके अलावा हेडरूम भी आपको प्रभावित करने वाला है. मुझे जो कमी इसमें नज़र आई है वो पिछली सीट्स के लिए एसी वेंट्स है जो सेगमेंट में अब लगभग सभी कारों में मिलने लगा है. लेकिन ये सबकॉम्पैक्ट SUV है तो इसके अगले एसी वेंट्स भी कार को ठंडा करने के हिसाब से काफी हैं. XUV 300 में पिछली सीट पर बीच में बैठे यात्रि के लिए तीन पॉइंट सीटबेल्ट भी है - बाकी सब में केवल एक लैप बेल्ट मिलती है. हां, वहां ज़्यादातर रियर एसी वेंट्स मिलते हैं, लेकिन सबकॉम्पैक्ट साइज़ काफी छोटा है, तो आगे के वेंट्स भी पूरे केबिन को आराम से ठंडा कर देंगे. लेकिन इस सेगमेंट में खरीदार शायद ही कभी पीछे बैठते हैं, और इसलिए कारों के फीचर्स कैसे हैं?
फीचर्स की बात शुरू होती है तो सोनेट को पछाड़ना बहुत मुश्किल होने वाला हैलेकिन अगर यहां फीचर्स की बात शुरू होती है तो सोनेट को पछाड़ना बहुत मुश्किल होने वाला है. इसके साथ किआ ने खूब सारे फीचर्स दिए हैं और क्यूंकि ये बिल्कुल नई कार है तो इसके सभी फीचर्स तकनीकी रूप से उन्नत हैं. इसके साथ मिले अधिकांश फीचर्स सेगमेंट में पहली बार दिए गए हैं जिसमें 10.25-इंच टचस्क्रीन, बोस सराउंड सिस्टम, वायरलेस फोन चार्जर, एयर प्यूरिफायर के साथ वायरस से बचाव, सीट वेंटिलेशन, स्टीयरिंग माउंटेड कंट्रोल और सनरूफ के साथ टायर प्रेशर मॉनिटरिंग सिस्टम शामिल हैं. इनमें से ज़्यादातर केवल टॉप मॉडस में ही हैं. वेन्यू पर भी यही कहानी है लेकिन विटारा ब्रेज़ा तुलना में थोड़ी पिछड़ जाती है.
तकनीक और कनेक्टिविटी
बीच के ट्रिम्स को 9 इंच की स्क्रीन मिलती है, लेकिन इसमें स्मार्टफोन कनेक्ट नही होतायहां बड़ा आकर्षण इसका स्टीयरिंग व्हील है और इस समय इकोस्पोर्ट अकेली कार है जिसके साथ टिल्ट और टेलिस्कोपिक अडजस्टमेंट स्टीयरिंग व्हील मिलता है. इकोस्पोर्ट ऐसे ब्रांड से आती है जिसने कई मायनों में टचस्क्रीन और फोन कनेक्टिविटी के दौर की शुरुआत की है. कार का सिंक सिस्टम सिर्फ टॉप मॉडल के साथ उपलब्ध कराया गया है. कार का सिंक सिस्टम केवल सबसे ऊपर के वेरिएंट पर ही मिलता है. यह सब एक 8 इंच की स्क्रीन के ज़रिए काम करता है और आपको Apple CarPlay आदि देता है. बीच के ट्रिम्स को 9 इंच की स्क्रीन मिलती है, लेकिन इसमें स्मार्टफोन कनेक्ट नही होता, बस ब्लूटूथ कनेक्टिविटी मिलती है.
महिंद्रा XUV300 फीचर्स से अच्छी तरह से भरी हुई है, और जबकि इंटरफेस इतना आकर्षक नही हैमहिंद्रा XUV300 आश्चर्यजनक रूप से फीचर्स से अच्छी तरह से भरी हुई है, और जबकि इंटरफेस इतना आकर्षक नही है, यह काम करता है. 7 ”टचस्क्रीन और स्मार्टफोन कनेक्टिविटी के अलावा आपको टायर प्रेशर मॉनिटरिंग, रिवर्स कैमरा और दो ज़ोन क्लाइमेट कंट्रोल भी मिलेंगे. लेकिन तकनीक के मामले में भी किआ सोनेट इस सेगमेंट में सबको पछाड़ रही है. यह बड़ी टचस्क्रीन सिर्फ सबसे ऊंचे वेरिएंट पर ही है. बीच के ट्रिम्स को वेन्यू के जैसी 8 इंच की स्क्रीन मिलती है. तकनीक, कनेक्टिविटी और एंबेडेड सिम पर आधारित इंटरनेट टेलीमेटिक्स और रिमोट फंक्शनालिटी की बात करें तो वेन्यू और सोनेट बहुत समान हैं.
सेफ्टी


फैसला

संबंधित समाचार
लोकप्रिय मॉडल
नई कारें
आने वाली कारें
ताज़ा ख़बरें और रिव्यू
ऋषभ परमार | Sep 17, 2026साल में 10,000 km से कम गाड़ी चलाने वाले खरीदारों के लिए शहर के हिसाब से 10 बेहतरीन कारेंअगर शहर में आपकी गाड़ी का इस्तेमाल कम होता है और आप नई कार की तलाश में हैं, तो यहाँ कुछ विकल्प दिए गए हैं जिन पर आप विचार कर सकते हैं.7 मिनट पढ़े
ऋषभ परमार | Sep 17, 2026फोक्सवैगन ID.3 GTI से उठा पर्दा: 321 bhp की ताकत वाली इलेक्ट्रिक हैचबैक देगी 600 किमी तक की रेंजफोक्सवैगन ने दुनिया भर में ID.3 GTI को पेश किया है, जिसमें 321bhp की ताकत और 545Nm का पीक टॉर्क है.1 मिनट पढ़ें
ऋषभ परमार | Sep 17, 2026किआ ने कारेंज क्लैविस ईवी पर लाइफटाइम बैटरी वारंटी की घोषणा की15 साल की लाइफटाइम वारंटी सिर्फ़ 1 अगस्त 2026 के बाद बेची गई MPV के पहले मालिक पर लागू होगी.1 मिनट पढ़ें
ऋषभ परमार | Sep 17, 2026ट्रायम्फ स्पीड 400 और ट्रैकर 400 की कीमतों में रु.7,000 तक की कटौती की गईअपनी 350cc लाइनअप की कीमतें बढ़ाने के सिर्फ़ दो महीने बाद, ट्रायम्फ ने अपने दो मॉडल्स की कीमतें कम कर दी हैं.1 मिनट पढ़ें
ऋषभ परमार | Sep 16, 20262027 कावासाकी वल्कन S हुई लॉन्च, कीमत रु.8.23 लाखकावासाकी की क्रूज़र नए मॉडल ईयर के लिए एक नए कलर ऑप्शन, थोड़े ज़्यादा टॉर्क और थोड़े बेहतर ब्रेकिंग सेटअप के साथ वापस आ रही है.1 मिनट पढ़ें- ऋषभ परमार | Sep 16, 2026भारत में 2026 से नया PUC नियम: वैध प्रदूषण प्रमाण-पत्र के बिना वाहनों को ईंधन देने से इनकार किया जा सकता हैवैलिड 'पॉल्यूशन अंडर कंट्रोल' (PUC) सर्टिफ़िकेट अब सिर्फ़ ट्रैफ़िक चालान से बचने के लिए कागज़ का एक टुकड़ा नहीं रह गया है. दिल्ली में ईंधन खरीदने के लिए यह एक ज़रूरी और अनिवार्य टिकट बनता जा रहा है.1 मिनट पढ़ें
ऋषभ परमार | Sep 16, 2026सीएनजी बनाम ईवी बनाम हाइब्रिड: 2026 में कौन सा विकल्प प्रति किलोमीटर सबसे कम खर्च देता है?2026 में कार की कीमत जितनी ही ज़रूरी उसकी चलाने की लागत (रनिंग कॉस्ट) भी हो गई है. हमने मुंबई में ईंधन की ताज़ा कीमतों के आधार पर हिसाब लगाया है कि सीएनजी कार, EV या स्ट्रॉन्ग हाइब्रिड में से कौन-सी कार चलाना सबसे सस्ता है.1 मिनट पढ़ें
ऋषभ परमार | Sep 16, 2026यामाहा R15 V4 में क्विकशिफ्टर के साथ दो और रंग विकल्प उपलब्धक्लच-लेस अपशिफ़्ट का विकल्प, जो पहले सिर्फ़ 'इंटेंसिटी व्हाइट' रंग तक ही सीमित था, अब 'रेसिंग ब्लू' और 'मैट पर्ल व्हाइट' वैरिएंट्स में भी उपलब्ध है.1 मिनट पढ़ें
ऋषभ परमार | Sep 16, 2026भारत में लॉन्च से पहले नई ह्यून्दे Bayon के डिज़ाइन की झलक स्केच के रुप में आई सामनेह्यून्दे Bayon के पहले स्केच से SUV के फ्रंट लुक और डिज़ाइन की दूसरी खूबियों का पता चलता है.1 मिनट पढ़ें
Hansaj Kukreti | Sep 8, 2026नई मारुति सुजुकी बलेनो रिव्यू: 3-सिलेंडर इंजन में कितना दम?नई बलेनो में इंजन बदला है, लेकिन क्या यह बदलाव इसे पहले से बेहतर बनाता है?6 मिनट पढ़े
Rishabh Parmar | Sep 7, 2026सिंपल वेव का रिव्यू: ज़्यादा स्पेस, तेज़ रफ़्तार और आरामदायकसिंपल वेव, फ़ैमिली EV स्कूटर सेगमेंट के नियम बदलने के लिए आ गया है. हम यह पता लगाने के लिए इसे चलाकर देख रहे हैं कि क्या यह बाज़ार में धूम मचा पाएगा या नहीं!1 मिनट पढ़ें
Hansaj Kukreti | Sep 1, 2026वॉल्वो EX90 रिव्यू: बड़ी, लग्जरी और बेहद तेजवोल्वो EX90 को राजस्थान की सड़कों पर परखा. 450 bhp, 670 Nm और 5.5 सेकंड में 0 से 100 kmph की रफ्तार के साथ क्या यह भारत की सबसे खास लग्जरी इलेक्ट्रिक एसयूवी है?1 मिनट पढ़ें
Hansaj Kukreti | Aug 19, 2026बीएमडब्ल्यू X1 लॉन्ग व्हीलबेस रिव्यू - ज्यादा जगह, ज्यादा पावर, ज्यादा फीचर्सबीएमडब्लू ने अपनी एंट्री लेवल एसयूवी एक्स1 को अब बनाया है ज्यादा आरामदायक, ज्यादा दमदार और ज्यादा फीचर से भरपूर. लॉन्ग व्हीलबेस के साथ इसमें मिली है ज्यादा जगह, ज्यादा पावर और बेहतर तकनीक.7 मिनट पढ़े
car&bike Team | Aug 1, 20262026 टोयोटा हाइलक्स ड्राइव रिव्यू : नए बदलाव कितने काम के हैं?नई टोयोटा हाइलक्स को हमने जयपुर के पास राजस्थान की ऑफ-रोड परिस्थितियों में चलाकर देखा. इसमें कई छोटे-छोटे, लेकिन बेहद काम के बदलाव किए गए हैं. ड्राइव अनुभव कैसा रहा और क्या-क्या बदला है, आइए देखते हैं.3 मिनट पढ़े

















































