फोक्सवैगन Tayron आर-लाइन का रिव्यू: भारत के लिए एक शानदार फ्लैगशिप एसयूवी

हाइलाइट्स
- दमदार रोड प्रेजेंस वाली बड़ी, आकर्षक और सुगठित तीन-रो वाली एसयूवी है
- ऑल-व्हील ड्राइव के साथ 2.0 टीएसआई इंजन सहज प्रदर्शन करता है
- फीचर्स से भरपूर और सुदृढ़ कैबिन बड़ा उपयोगिता को प्राथमिकता देता है
यहां जो आप देख रहे हैं, वह नई पीढ़ी की टिगुआन ऑलस्पेस नहीं है. यह बिल्कुल नई फोक्सवैगन टैरॉन है, जो 2024 सबसे पहले पेश हुई थी. कुछ वर्षों तक केवल चीन में बिकने के बाद, अब यह एक स्वतंत्र वैश्विक मॉडल है. भारत में, यह फोक्सवैगन की प्रमुख एसयूवी की भूमिका निभाती है. इसका नाम टाइगर और आयरन का मिलाजुला रूप है. इससे भी महत्वपूर्ण बात यह है कि टैरॉन वैचारिक रूप से टिगुआन ऑलस्पेस की जगह लेती है, लेकिन दार्शनिक रूप से नहीं. इसका उद्देश्य आकार में बड़ी, अधिक व्यावहारिक और उन परिवारों के लिए अधिक उपयुक्त होना है जो ड्राइविंग के अनुभव से समझौता किए बिना पर्याप्त जगह चाहते हैं.

टिगुआन आर-लाइन के विपरीत, जिसे आयातित यूनिट के रूप में लाया जाता है, टैरॉन का निर्माण भारत में होता है. इससे फोक्सवैगन इसे अधिक प्रतिस्पर्धी कीमत पर उपलब्ध करा पाती है, साथ ही साथ यह बड़ा आकार, अधिक फीचर्स और बेहतर दैनिक उपयोगिता भी देती है. लेकिन क्या यह सब कुछ है, या इसमें कुछ कमियां भी हैं? आइए जानते हैं.
यह भी पढ़ें: लॉन्च से पहले भारत में शुरू हुई फोक्सवैगन Tayron R-Line की लोकल असेंबली
फोक्सवैगन टैरॉन आर-लाइन बाहरी डिज़ाइन

आकार के मामले में, टैरॉन अपनी मौजूदगी का एहसास तुरंत करा देती है. 4,792 मिमी लंबाई, 1,866 मिमी चौड़ाई और 2,789 मिमी व्हीलबेस वाली यह कार, कुल आकार में पुरानी टुआरेग के काफी करीब है और स्कोडा कोडियाक से भी थोड़ी बड़ी है. इसके अनुपात इसे कॉम्पैक्ट यूरोपीय लुक के बजाय थोड़ा अमेरिकी लुक देते हैं. यह लंबी, चौड़ी और स्थिर है, और सड़क पर यह पूरी तरह से एक फ्लैगशिप कार जैसी दिखती है.

भारत में बिकने वाली टैरॉन सिर्फ R-Line ट्रिम में आती है, जिसका मतलब है कि इसकी स्पोर्टीनेस दिखने में ज़्यादा है, न कि अंदरूनी बनावट में. इसमें आपको दमदार बंपर, बड़े 19 इंच के अलॉय व्हील, रूफ-माउंटेड स्पॉइलर और पीछे की तरफ डिफ्यूज़र जैसे एलिमेंट्स मिलते हैं. नीला रंग इसकी खूबसूरती को और भी बढ़ा देता है. कुल मिलाकर, टैरॉन का दमदार और आत्मविश्वास से भरा लुक इस सेगमेंट की ज़्यादातर फैमिली SUV से कहीं ज़्यादा स्पोर्टी है.
फोक्सवैगन टैरॉन आर-लाइन रिव्यू: कैबिन और आराम
आइये सबसे पहले कैबिन की बात करें, तो सबसे पहले हम टिगुआन के मुकाबले टैरॉन की सबसे बड़ी खासियत, इसकी तीसरी रो के स्पेस पर चर्चा करेंगे. हालांकि तीसरी रो में दो सीटें इस्तेमाल करने लायक हैं, लेकिन यह बच्चों या कम कद के एडल्टों के लिए ही सबसे उपयुक्त है, जो इस कैटेगरी की गाड़ियों में आम बात है. इसकी एक अच्छी बात यह है कि तीनों रो के भरे होने पर भी टैरॉन में लगभग 350 लीटर का बूट स्पेस मिलता है. लेकिन मेरी इच्छा है कि इस 350 लीटर के बूट स्पेस में थोड़ी कमी करके तीसरी रो को और अधिक आरामदायक बनाया जाए. और अगर आपको घर का सामान ले जाना हो, तो आप दूसरी और तीसरी रो को पूरी तरह से मोड़कर इसे कार्गो वैन में बदल सकते हैं.

टैरॉन की असली खूबी इसकी दूसरी सीट में है. यहाँ पर्याप्त लेगरूम, अच्छा थाई सपोर्ट और चौड़ाई का एहसास होता है, जिससे लंबी यात्राएँ आरामदायक बन जाती हैं. ऐसा लगता है मानो यह कार उन परिवारों के लिए डिज़ाइन की गई है जो सचमुच साथ में यात्रा करते हैं. लेकिन साथ ही, बीच में बैठे यात्री को ऐसा महसूस होगा जैसे वह परिवार का सबसे कम तवज्जो देने वाला सदस्य हो.

सामने से देखने पर, टैरॉन फोक्सवैगन का नया कैबिन डिज़ाइन फिलॉसफी को दर्शाता है. इसमें एक बड़ी सेंट्रल टचस्क्रीन, पूरी तरह से डिजिटल ड्राइवर डिस्प्ले और एक ऐसा लेआउट है जो दिखावे के बजाय एर्गोनॉमिक्स को प्राथमिकता देता है. इस्तेमाल किया गया पूरा ठोस मटेरियल और अच्छी तरह से फिट किया गया लगता है, और पूरा डिज़ाइन साफ-सुथरा और कार्यात्मक है. पिछले कुछ वर्षों में, अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बनी फोक्सवैगन कारों ने अधिक आधुनिक, तकनीक-खूबसूरती की ओर कदम बढ़ाया है, और टैरॉन इस विकास को बखूबी दर्शाती है.

हालांकि, यह कहना गलत नहीं होगा कि यह कैबिन पहली बार लग्जरी एसयूवी खरीदने वालों की तुलना में वीडब्ल्यू के पुराने वफादार ग्राहकों को ज्यादा पसंद आएगा. यह भड़कीले टेक्सचर या नाटकीय लाइटिंग इफेक्ट्स से आपको प्रभावित करने की कोशिश नहीं करता (हालांकि, कुछ हद तक ऐसा करता है, लेकिन सिर्फ एक जर्मन कार निर्माता के अंदाज में). इसके बजाय, यह उपयोगिता और टिकाऊपन पर ध्यान केंद्रित करता है. कुछ नए प्रतिद्वंद्वियों के मुकाबले शायद यह तुरंत वाहवाही बटोरने वाला न लगे, लेकिन इसका कैबिन ऐसा है जो आने वाले वर्षों में भी ताज़ा और मजबूत बना रहेगा.

फोक्सवैगन की फ्लैगशिप कार से जैसी उम्मीद की जाती है, टैरॉन में भरपूर फीचर्स दिए गए हैं. इसमें पैनोरमिक सनरूफ, अल्कांतारा अपहोल्स्ट्री, मल्टी-कलर एम्बिएंट लाइटिंग, दो डिवाइस के लिए वायरलेस फोन चार्जिंग, वेंटिलेटेड और मसाज स्पोर्ट्स सीटें, एक बड़ी 15-इंच टचस्क्रीन और ADAS फीचर्स का पूरा सेट मिलता है. इस कीमत पर खरीदार को शायद ही कोई कमी महसूस होगी.
फोक्सवैगन टैरॉन आर-लाइन का रिव्यू: पावरट्रेन और प्रदर्शन

टैरॉन में फोक्सवैगन की EA888 फैमिली का जाना-पहचाना 2.0-लीटर TSI EVO पेट्रोल इंजन लगा है. यह इंजन अपनी दमदार परफॉर्मेंस और बड़े इंजन जैसी स्मूथ ड्राइविंग के लिए विश्व स्तर पर मशहूर है. अंतरराष्ट्रीय स्तर पर यह कई ट्यूनिंग ऑप्शन में उपलब्ध है, लेकिन भारत में यह 200 bhp की ताकत पैदा करता है. ताकत को 7-स्पीड DSG ऑटोमैटिक ट्रांसमिशन और फोक्सवैगन के 4मोशन AWD के जरिए चारों पहियों तक पहुंचाया जाता है.

अपने आकार और बढ़े हुए वजन के बावजूद, टैरॉन कभी भी बोझिल या कमज़ोर महसूस नहीं होती. इसके प्रदर्शन को रोमांचक के बजाय सहज कहना ज़्यादा सही होगा. इसकी रफ़्तार सहज और एकसमान है, और लगभग हर गति पर पर्याप्त शक्ति उपलब्ध रहती है. डीएसजी गियरबॉक्स बिना किसी रुकावट के काम करता है, चुपचाप अपना काम करता रहता है. चाहे आप शहर के ट्रैफिक में चल रहे हों या हाईवे पर आराम से सफर कर रहे हों, टैरॉन चलाना आसान और सुकून भरा लगता है.

टैरॉन की सबसे बड़ी खूबियों में से एक यह है कि ड्राइविंग करते समय यह किसी बड़ी एसयूवी जैसी नहीं लगती. इसकी मैन्यूवरेबिलिटी आश्चर्यजनक रूप से अच्छी है और शहरी परिस्थितियों में यह आपको छोटा महसूस कराती है. स्टीयरिंग स्मूथ और भरोसेमंद है, हालांकि उत्साही ड्राइवरों के लिए इसमें थोड़ा और वजन होता तो बेहतर होता. फिर भी, यह आत्मविश्वास जगाती है, जो रोज़मर्रा की ड्राइविंग में सबसे ज़्यादा मायने रखता है.

राइड क्वालिटी आम तौर पर यूरोपीय कारों जैसी है. सस्पेंशन सेटअप दमदार है, लेकिन कभी असहज नहीं लगता. खराब सड़कों पर भी गाड़ी आसानी से चलती है, और बॉडी रोल होने के बावजूद, यह अच्छी तरह से नियंत्रित है. तेज़ गति पर भी, टैरॉन स्थिर और सुरक्षित महसूस होती है, भले ही आपको इसके वजन का एहसास हो. यह कॉर्नरिंग के लिए बेहतरीन गाड़ी नहीं है, लेकिन यह एक संतुलित एसयूवी है जो आत्मविश्वास से ड्राइविंग करने वालों को अच्छा अनुभव देती है.
फोक्सवैगन टैरॉन आर-लाइन रिव्यू: निष्कर्ष

कुल मिलाकर, फोक्सवैगन टैरॉन एक आधुनिक फैमिली एसयूवी की वास्तविक जरूरतों को पूरा करने वाली फोक्सवैगन की पेशकश है. यह प्रीमियम, बड़ा, व्यावहारिक, अच्छी तरह से फीचर लोडेड,रिफाइन और चलाने में वास्तव में सुखद है. टिगुआन आर-लाइन की तुलना में, यह उन भारतीय खरीदारों के लिए अधिक उपयुक्त विकल्प है जो ड्राइविंग आराम से समझौता किए बिना मल्टी परपज़ कार चाहते हैं.
हिन्दी अनुवाद-ऋषभ परमार













































