मारुति सुजुकी ने वित्त वर्ष 2026 में रिकॉर्ड बिक्री दर्ज की; 1.90 लाख बुकिंग पेंडिंग

हाइलाइट्स
- मारुति सुजुकी ने वित्त वर्ष 2026 में कुल 24,22,713 यूनिट्स की बिक्री हासिल की
- इस वर्ष निर्यात के आंकड़े रिकॉर्ड ऊंचाई पर पहुंच गए
- चौथी तिमाही में शुद्ध बिक्री रु.50,000 करोड़ से अधिक हो गई
मारुति सुजुकी ने घोषणा की है कि उसने पिछले वित्तीय वर्ष और पिछली तिमाही दोनों में रिकॉर्ड बिक्री दर्ज की है. देश की सबसे बड़ी कार निर्माता कंपनी ने बताया कि वित्त वर्ष 2026 में उसकी कुल बिक्री 24,22,713 यूनिट रही, जो वित्त वर्ष 2025 में बेची गई 22,34,266 यूनिटों से कहीं अधिक है. इसमें 19,74,939 कारों की घरेलू बिक्री शामिल है, जबकि 4,47,774 वाहनों का निर्यात किया गया, जिससे कंपनी भारत से कारों की सबसे बड़ी निर्यातक बन गई है.

2026 की शुरुआत मारुति सुजुकी के लिए खुशी लेकर आई, क्योंकि कंपनी ने अब तक की सबसे अधिक तिमाही बिक्री दर्ज की. इस अवधि में 6,76,209 वाहन बिके, जो वित्त वर्ष 2024-25 की चौथी तिमाही की तुलना में 11.8% अधिक है. घरेलू बिक्री 5,38,994 यूनिट रही, जबकि निर्यात अब तक के उच्चतम स्तर 1,37,215 यूनिट पर पहुंच गया. हालांकि, इस दौरान शुद्ध लाभ में पिछले वर्ष की तुलना में 6.9% की गिरावट आई और यह घटकर रु.35,905 मिलियन रह गया. कंपनी के एक बयान में कहा गया है कि वर्तमान में 1.90 लाख ऑर्डर लंबित हैं, जिनमें से 1.30 लाख छोटी कारों के हैं.
प्रबंधन द्वारा इन रिकॉर्ड तोड़ बिक्री का एक प्रमुख कारण केंद्र सरकार द्वारा कारों पर जीएसटी दरों में कमी को बताया गया है. वार्षिक वित्तीय परिणामों की घोषणा के बाद मीडिया से बात करते हुए मारुति सुजुकी के चेयरमैन आर सी भार्गव ने कहा, “हर साल हम कार उद्योग में वृद्धि देखेंगे क्योंकि मांग फिर से बढ़ गई है. सरकार समझ गई है कि कम कर से अर्थव्यवस्था को लाभ होगा. जीएसटी दरों में कमी के बावजूद वास्तविक कर संग्रह में वृद्धि हुई है.”






























































